नालंदा: निवेशकों के करोड़ों रुपये गबन कर चिटफंड कंपनी के आरोपी सालों से फरार, लोगों ने किया जमकर हंगामा

नालंदा  जिले के लोगों की गाढ़ी कमाई के करोड़ों रुपये गबन कर चुकी पिनकॉन ग्रुप और पन्ना क्रेडिट एण्ड थ्रीफ्ट मल्टी स्टेट कॉपरेटिव सोसायटी लिमिटेड कंपनी के आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने से लोगों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है. कंपनी के हाथों अपनी गाढ़ी कमाई लुटा चुके सैकड़ों नाराज निवेशकों ने गुरुवार को शहर में विरोध मार्च निकालकर चेयरमैन के घर के पास जमकर हंगामा किया.

जानकारी के अनुसार, पिनकॉन ग्रुप और पन्ना क्रेडिट एण्ड थ्रीफ्ट मल्टी स्टेट कॉपरेटिव सोसायटी लिमिटेड कंपनी ने निवेश के नाम पर नालंदा, नवादा, शेखपुरा, पटना, गया समेत कई जिलों से सैकड़ों लोगों से लगभग 300 करोड़ रुपए लिए थे. लेकिन समय सीमा के भीतर ही निवेशकों की आंखों में धूल झोंक कर ये कंपनी रातों-रात ताला लगाकर फरार हो गई.

फरार होने के बाद निवेशकों ने लहेरी थाने में कंपनी के चेयरमैन समेत 11 लोगों के खिलाफ वर्ष 2019 में धोखाधड़ी और गबन का मामला दर्ज कराया गया था. लेकिन कई माह बीत जाने के बाद भी पुलिस द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की गई. जिससे नाराज निवेशकों ने गुरुवार को बिहारशरीफ श्रम कल्याण केंद्र के मैदान में पहुंचकर विरोध मार्च निकालते हुए चेयरमैन के घर के सामने जमकर हंगामा किया.

कंपनी के सभी कर्मचारी फरार

वहीं प्रदर्शन कर रहे लोगों में निवेशक रामप्रवेश कुमार चौधरी ने बताया कि कंपनी के चेयरमैन डॉ दिवाकर सिंह ने अपने पूरे परिवार और रिश्तेदार के साथ मिलकर चिटफंड कंपनी बनाकर लोगों से 5 साल में रकम दुगनी करने का झांसा देकर निवेश कराया था. लेकिन समय अवधि पूरा होने के पहले ही सभी का रुपए लेकर फरार हो गया. कई बार लोगों ने उनसे मिलने का प्रयास किया. लेकिन वे नहीं मिले और ना ही रुपए लौटाने का आश्वासन दिया. इस कारण सभी मानसिक रुप से प्रताड़ित हो रहे हैं. वहीं अब तक इस कंपनी में काम कर रहे 3 कर्मचारियों की तनाव के कारण मौत हो चुकी है. फिलहाल चेयरमैन दिवाकर सिंह समेत सभी कर्मचारी फरार हैं.

चेयरमैन ने आरोपों से किया इनकार

वहीं फोन पर हुई बातचीत में चेयरमैन दिवाकर सिंह ने बताया कि इस मामले में कंपनी के ग्रुप चेयरमैन मनोरंजन राय समेत 36 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज है. साथ ही पिछले तीन साल से सभी जेल में बंद है. न्यायालय में प्रक्रिया चल रही है. उन्होंने अपने उपर आरोपों को नकारते हुए कहा कि बिहारशरीफ न्यायालय में कंपनी के खिलाफ वो केस लड़ रहे हैं. उन्होंने कहा कि अगर उनके एकाउंट में किसी का एक भी रुपया जमा है तो वो देने को तैयार हैं. दिवाकर सिंह ने कहा कि बार बार ऑडियो वाइरल कर उनके घरवालों को जान मारने और घर में तोड़फोड़ करने की बात कह कर अनावश्यक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है.